एक्सपर्ट की सलाह

AI के युग में Streaming TV: ब्रैंड सही समय पर ऑडियंस तक कैसे पहुँच सकते हैं

11 मार्च, 2026 | मैट मिलर, सीनियर कॉन्टेंट मैनेजर

Streaming TV का माहौल, अब पहले जैसा बँटा हुआ और जटिल मार्केटप्लेस नहीं रहा. यह अब आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस (AI) और प्रमाणिक सिग्नल पर आधारित एडवरटाइज़िंग चैनल बन गया है. इस बदलाव के दौर में ब्रैंड के लिए चुनौती सिर्फ़ ऑडियंस तक पहुँचना नहीं है. असली चुनौती यह है कि वे संबंधित मेसेज के साथ ज़रूरत के हिसाब से ऑडियंस तक पहुँचें, व्यूअर को बार-बार एक ही मेसेज दिखाकर परेशान किए बिना. जैसे-जैसे कॉन्टेंट अलग-अलग प्लेटफ़ॉर्म पर फैल रहा है और व्यूअर की देखने की आदतें बदल रही हैं, आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस और प्रमाणिक सिग्नल एडवरटाइज़र के लिए सही समय पर सही ऑडियंस से जुड़ना आसान बना रहे हैं. इससे पब्लिशर, ब्रैंड और व्यूअर सभी के लिए वैल्यू बनती है.

इस मौके का पूरा फ़ायदा उठाने का मुख्य तरीका बेहतर सिग्नल, ज़्यादा आसानी से ऐक्सेस की जा सकने वाली इन्वेंट्री और AI की मदद से ऑप्टिमाइज़ेशन के साथ मार्केटप्लेस में लिक्विडिटी बनाना है. जब ये बुनियादी चीज़ें साथ मिलकर काम करती हैं, तब पब्लिशर को अपने कॉन्टेंट से ज़्यादा से ज़्यादा फ़ायदा मिल सकता है, एडवरटाइज़र असरदार तरीके से संबंधित मेसेज पहुँचा सकते हैं. साथ ही, व्यूअर को ऐसे अलग-अलग और एंगेजिंग एडवरटाइज़िंग एक्सपीरियंस मिलते हैं जो उनके मनोरंजन में बाधा डालने के बजाय उसे बेहतर बनाते हैं.

ऐसा बढ़ता हुआ मौका, जो सभी के लिए फ़ायदेमंद है

असरदार Streaming TV माहौल बनाने के लिए, ज़्यादा एडवरटाइज़र को ऐक्टिवेट करना, ज़्यादा इन्वेंट्री उपलब्ध कराना और प्रमाणिक सिग्नल को एक्सचेंज करना ज़रूरी है, ताकि बेहतर तरीके से ऑडियंस चुनी जा सके और माप लिया जा सके. पहले से स्थापित एडवरटाइज़र के लिए यह पहले से काम कर रही चीज़ों को और बेहतर बनाने का तरीका है. नए एडवरटाइज़र के लिए यह बिना ज़्यादा शुरुआती लागत के नए मीडियम को ऐक्सेस करने का मौका खोलता है.

Amazon DSP में डायरेक्टर ऑफ़ इंजीनियरिंग पीटर डे ज़्वार्ट ने कहा, “अगर हम डिजिटल एडवरटाइज़िंग के बुनियादी पहलुओं पर ध्यान दें और सभी मिलकर थोड़ा-सा योगदान दें, तो हम ऐसा उभरता हुआ माहौल बना सकते हैं जो हम सभी को आगे बढ़ाने में मदद करेगा.” “हमें Streaming TV एडवरटाइज़िंग मार्केटप्लेस में और ज़्यादा लिक्विडिटी बनाने की ज़रूरत है.”

Amazon Ads के एडवांस्ड पार्टनर और 2025 पार्टनर अवॉर्ड के फ़ाइनलिस्ट Global Overview के प्रेसिडेंट कार्ल गुडजेन ने इस बदलाव को करीब से देखा है. वे बताते हैं कि प्रमाणिक सिग्नल का बेहतर होना, अहम मोड़ रहा है जिसने परफ़ॉर्मेंस मीडिया के तरीके को पूरी तरह बदल दिया है.

गुडजेन ने कहा, “अब मैं ऑडियंस बना सकता हूँ और उन्हें उस पहले सिग्नल से ही टार्गेट कर सकता हूँ, जब वे थर्सडे नाईट फ़ुटबॉल देख रहे होते हैं और फिर उसी सफ़र में उन्हें खरीदारी तक पहुँचा सकता हूँ.”

अब एडवरटाइज़र Amazon Ads के प्रमाणिक ग्राफ़ का इस्तेमाल करके शॉपिंग, स्ट्रीमिंग और मनोरंजन प्रॉपर्टी में वेरिफ़ाइड ऑडियंस से जुड़ सकते हैं. इससे, मीडिया पर होने वाला खर्चा कम होता है और लगातार ऑडियंस पहचान के ज़रिए कैम्पेन परफ़ॉर्मेंस बेहतर होता है.

जब AI की मदद से लक्ष्य पूरे किए जाते हैं

आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस की वजह से, बेहतर Streaming TV एडवरटाइज़िंग अब ज़्यादा एडवरटाइज़र के लिए ऐक्सेस करना आसान हो रही है. कस्टमर की गतिविधियों से मिलने वाले अरबों सिग्नल का विश्लेषण करके, ऐड रेलेवेन्स जैसे सॉल्यूशन यह समझ सकते हैं कि कोई व्यक्ति अपनी खरीदारी के सफ़र में किस चरण पर है और बिना ऐड ID पर निर्भर हुए ज़्यादा टार्गेट की गई एडवरटाइज़िंग दिखा सकते हैं. इससे, ब्रैंड सभी प्लेटफ़ॉर्म पर मीनिंगफ़ुल कनेक्शन बनाए रख सकते हैं और रियल टाइम में ऐड परफ़ॉर्मेंस को ऑप्टिमाइज़ कर सकते हैं.

गुडजेन ने कहा, “पिछले 12 महीनों में जिसने मुझे सबसे ज़्यादा चौंकाया है, वह यह है कि कस्टमर अब फ़नेल के बाकी चरणों से गुज़रे बिना सीधे खरीदारी कर रहे हैं.” “जब हम मीडिया से ज़्यादा कमाई और पहुँच बढ़ाने की बात करते हैं, तो इसका मतलब है कि हमें इन बाधाओं को हटाना होगा.”

एडवरटाइज़र परफ़ॉर्मेंस+ का इस्तेमाल करके कैम्पेन को कन्वर्शन लक्ष्य की ओर ऑप्टिमाइज़ कर सकते हैं या ब्रैंड+ का इस्तेमाल करके भविष्य के कन्वर्शन का अनुमान लगा सकते हैं और ब्रैंड सुरक्षा से जुड़े कंट्रोल बनाए रखते हुए संभावित हाई-वैल्यू कस्टमर तक पहुँच सकते हैं.

जटिलता से स्पष्टता तक

स्पोर्ट्स, कॉन्सर्ट और अवॉर्ड शो जैसे लाइव कॉन्टेंट के लिए, लाइव इवेंट ऑप्टिमाइज़र उस प्रक्रिया को आसान बना देता है, जो पहले मुश्किल और बँटी हुई थी. एडवरटाइज़र डेडिकेट लाइन आइटम के ज़रिए प्रमाणित प्रीमियम इन्वेंट्री को ऐक्सेस कर सकते हैं. इसमें एडवांस्ड पेसिंग, पूर्वानुमान और रिपोर्टिंग शामिल होती है, जो एंगेजमेंट के मुख्य पलों के लिए डिज़ाइन की गई है.

इंटरैक्टिव क्षमताएँ व्यूअर की एंगेजमेंट को भी बदल रही हैं. इंटरैक्टिव वीडियो ऐड के ज़रिए, ऑडियंस अपने रिमोट का इस्तेमाल करके या QR कोड स्कैन करके प्रोडक्ट को कार्ट में जोड़ सकते हैं या उसके बारे में ज़्यादा जान सकते हैं. यह सब वे कॉन्टेंट को रोके बिना कर सकते हैं. इससे एंगेजमेंट और गहरी होती है और एडवरटाइज़र को लोअर-फ़नेल माप का ऐक्सेस मिलता है, जो स्ट्रीमिंग एक्सपोज़र को ऐक्शन से जोड़ता है.

रेलेवेन्स में बदलाव

जब मार्केटप्लेस कुशलता से काम करता है और AI रेलेवेन्स के लिए ऑप्टिमाइज़ करता है, तो सभी को फ़ायदा मिलता है. पब्लिशर प्रीमियम और कैटलॉग कॉन्टेंट दोनों से ज़्यादा असरदार तरीके से कमाई कर सकते हैं. एडवरटाइज़र सही समय पर सही ऑडियंस तक मेसेज पहुँचा सकते हैं. साथ ही, व्यूअर को अलग-अलग तरह की ज़्यादा संबंधित एडवरटाइज़िंग देखने को मिलती है, जिससे उनका अनुभव बेहतर हो जाता है.

डे ज़्वार्ट निजी उदाहरण से रेलेवेन्स की अहमियत समझाते हैं: “मैं पिछले साल बेसबॉल देख रहा था और करीब दो घंटों के दौरान मुझे ट्रक कंपनी के 14 ऐड दिखाई दिए. इससे ब्रैंड के प्रति लगाव नहीं बना.”

AI और प्रमाणिक सिग्नल इन अक्षमताओं को दूर करने में मदद करते हैं. सही क्षमताओं और तेज़ी से कार्रवाई करने की क्षमता के साथ, ब्रैंड रणनीतिक Streaming TV एडवरटाइज़िंग के ज़रिए कम पहचान से निकलकर व्यापक जागरूकता तक पहुँच सकते हैं.

गुडजेन ने कहा, “मैंने इंडस्ट्री को पिछले 12 से 24 महीनों में जितनी तेज़ी से बदलते देखा है, उतना पहले कभी नहीं देखा.” “साथ ही, वह परफ़ॉर्मेंस, ऑप्टिमाइज़ेशन और तेज़ी ये सब पार्टनर के साथ पार्टनरशिप पर ही निर्भर करते हैं. अगर हम तेज़ी से आगे नहीं बढ़ते हैं, तो इस मौके का फ़ायदा नहीं उठा पाएँगे.”

देखें कि क्या संभव है

अब Streaming TV के लिए कुशल और मापने योग्य चैनल के रूप में अपना वादा पूरा करने की बुनियाद तैयार हो चुकी है. AI-पॉवर्ड ऑप्टिमाइज़ेशन और प्रमाणिक सिग्नल, ब्रैंड के लिए संबंधित मेसेज के साथ ऑडियंस तक पहुँचना, पब्लिशर के लिए अपने कॉन्टेंट की वैल्यू को बेहतर तरीके से बढ़ाना और व्यूअर के लिए अपने प्रोडक्ट और सर्विस को आसानी से खोजना आसान बना रहे हैं.

ऐसे ब्रैंड जो इन क्षमताओं को अपनाने के लिए तैयार हैं, उनके लिए इस मौके का इस्तेमाल करना पहले से कहीं ज़्यादा आसान हो गया है. सही समय पर सही मेसेज पहुँचाने के लिए टेक्नोलॉजी अब मौजूद है. नतीजे दिखाते हैं कि Streaming TV, ब्रैंड के बारे में जागरूकता फैला सकता और तुरंत ऐक्शन लेने के लिए बढ़ावा दे सकता है. इससे, पारंपरिक फ़नेल छोटा हो जाता है.